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भगोरिया हाट से आदिवासियों का होली का आगाज, खरीदी के साथ ढोल मांदल की थाप पर झूमे
आदिवासियों का सबसे चर्चित और आदिकाल से चला आ रहा त्योहार भगोरिया है जो होली के पहले से शुरू हो जाता है और कई दिनों तक चलता है। भगोरिया जिसे आदिवासियों में भोंगर्या के नाम से जाना जाता है, की शुरूआत भगोरिया हाट से मानी जाती है औत धार जिले के कुक्षी में इस मौके पर आदिवासियों ने जमकर आनंद लिया। जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) के नेतृत्व में संस्कृति परंपरागत ढोल – मांदल लेकर भोंगर्या (भगोरिया) हाट में नाच गाकर सभी लोग शामिल हुए। पढ़िये आदिवासियों के भगोरिया पर विशेष रिपोर्ट।
कहा जाता है कि भोंगर्या होली पाषाण काल अर्थात आदिकाल से निहित आदिवासियों का संस्कृति से जुड़ा अभिन्न हिस्सा है। आदिवासियों द्वारा ढोल, मांदल की थाप के साथ परिवार रिश्तेदार स्माजजनो क्षेत्रवासियों के साथ नाच गाकर भोंगर्या हाट के माध्यम से होली के त्योहार का आगाज किया जाता है। यह माना जाता है कि भोंगर्या हाट यह कुछ दशक नहीं आदि काल से आदिवासी समाज की संस्कृति, परम्परा, रीति रिवाजों, वेशभूषा को संजोए हुए है।
आदिवासियों का पेड़-पौधों से गहरा संबंध
आदिवासी समाज प्रतिवर्ष पतझड के उपरांत होली का त्योहार जब पलाश के पेड़ पर रंग बिरंगी किशोड़ी आ जाती हैं, होली के त्योहार और आदिवासी समुदाय जो पेड़ पौधों की पूजा करता आता है इनका गहरा संबंध रहा हैं। ऐसे में पलाश के पेड़ के रंग बिरंगे किशोड़ी जो होली के रंग गुलाल का बेहतरीन संदेश लेकर भी आता है। आदिवासी समुदाय एवं पेड़ – पौधों का गहरा संबंध होने के कारण आदिवासी पेड़ पौधों का संरक्षण निरंतर करते आ रहा है।
आदिवासियों की होली की परंपरा
होली दहन से एक माह पूर्व गांव के तड़वी, पटेल, चौकीदार गांवों में परम्परागत तिथि अनुसार पूर्णिमा को होली का डांडा गाढ़ते है। फसलों के खेत खाली होने के दौरान होली दहन की जाती हैं। होलिका दहन से पूर्व अर्थात होली का डांडा गाढ़ने के पश्चात आदिवासी समुदाय में कोई भी शुभ अर्थात मांगलिक उत्सव कार्यक्रम नहीं किए जाते हैं। कुक्षी में भोंगर्या हाट में जयस प्रदेश अध्यक्ष अंतिम मुजाल्दा, जयस प्रदेश महासचिव गेंदालाल रणदा, महिंद्र कन्नौज, राजेंद्र डावर, कमल बामनिया, धर्मेंद्र मंडलोई, संजय मंडलोई, विवेक तड़वाल, शिव सिलकुवा, अरविन्द मुझाल्दा, रवि सोलंकी, मोहन, भगत भिडे, गोलू मंडलोई, शिवम डावर, देवेंद्र मंडलोई,शुभम सोलंकी एवं अन्य जयस युवा साथ शामिल हुए।




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