-
दुनिया
-
US-INDIA ट्रेड डील के खिलाफ MODI पर जमकर बरसे RAHUL, बताया EPSTEIN फाइलों की धमकियों का दबाव
-
अकेले रहने वाले बुजुर्गों को टारगेट कर रहे Cyber ठग, Gwalior में 90 साल Couple शिकार
-
Indian क्रिकेट के सूरमाओं का सरेंडर, Super 8 के पहले मैच में करारी हार
-
अमेरिकी TRADE DEAL के खिलाफ INC आंदोलन की तैयारी, RAHUL GANDHI व खड़गे की उपस्थिति में BHOPAL में पहला किसान सम्मेलन
-
फिर Political माहौल की गर्मा गरमी के बीच बेतुका फैसला, MP कांग्रेस के प्रवक्ताओं की छुट्टी
-
Madhya Pradesh की बिजली कंपनी के Smart Meter लगे, मगर उपभोक्ता अब ऐसे हो रहे परेशान
मध्य प्रदेश की मध्य क्षेत्र की बिजली कंपनी ने स्मार्ट मीटर लगाने में इतनी जल्दबाजी की कि अब उपभोक्ता परेशान हो रहे हैं। स्मार्ट मीटर को लेकर बिजली कंपनी ने जो दावे किए थे वे खोखले साबित हो रहे हैं। स्मार्ट मीटर जिस कंपनी के लगाए गए हैं, उनसे कुछ कंपनी के मीटर तो सिरदर्द बन गए हैं। करीब 13 हजार उपभोक्ता स्मार्ट मीटर लगने के बाद परेशान हैं। पढ़िये रिपोर्ट।
मध्य प्रदेश की मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने स्मार्ट लगाने में काफी जल्दबाजी दिखाई है और उसने स्मार्ट मीटर बनाने वाले कंपनियों के मीटर को लेकर फीडबैक लिए बिना खरीदी कर ली। अब इन मीटर की एक कंपनी के मीटर तो बिजली कंपनी के लिए परेशानी का सबब बन गए हैं। करीब डेढ़ महीने की अवधि बीत जाने के बाद भी इन स्मार्ट मीटर से रीडिंग केंद्रों तक नहीं पहुंची जिससे उपभोक्ता के पास फरवरी के बिजली बिल नहीं पहुंच पाए हैं।
बताया जाता है कि भोपाल क्षेत्र में ही करीब तीन लाख बिजली कनेक्शनों में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं जिनमें से करीब 13 हजार उपभोक्ताओं के फरवरी महीने की रीडिंग का रिकार्ड केंद्रों तक नहीं पहुंचा है। इससे उपभोक्ताओं को पता नहीं चल रहा है कि उनका कितना बिल आया है और वे बिजली बिल भुगतान को लेकर परेशान हैं। अब कहा जा रहा है कि बिजली बिल की अंतिम तारीख को 28 फरवरी कर दिया गया है। देखना यह है कि बिजली कंपनी के स्मार्ट मीटर को लेकर जो जल्दबाजी दिखाई गई थी, उससे लाभ किसको हुआ, बिजली कंपनी को या मीटर कंपनी या उन्हें लगाने वाले ठेकेदारों को और उपभोक्ता इन सबके फायदे के बीच कब तक पिसेंगे।




Leave a Reply