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भाजपा कर रही है किसानों का दमन: जीतू पटवारी
प्रदेश कांग्रेस मीडिया विभाग के अध्यक्ष, पूर्व मंत्री जीतू पटवारी ने पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अहंकार रावण से भी ज्यादा हो गया है। अहंकार के मद में चूर होकर वह किसानों पर हमला कर रहे हैं। एक तरफ किसान एक साल से अधिक समय से तीन काले कानूनों के खिलाफ धरने पर बैठे, तब सरकार ने किसानों को मरने के लिए विवश कर दिया है। नरेंद्र मोदी और शिवराज सिंह चैहान मिलकर मध्य प्रदेश के किसानों पर अत्याचार कर रहे हैं।मध्यप्रदेश में एक करोड़ से ज्यादा किसान हैं। इनमें से 65 प्रतिशत से अधिक किसान छोटे काश्तकार हैं।
प्रदेश का किसान इस समय मूंग की खरीद के लिए परेशान हो रहा है और सोयाबीन का किसान भी बुरी तरह परेशान है।परेशान हैं मूंग उत्पादक किसान:-श्री पटवारी ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार को अच्छी तरह से पता था कि इस बार प्रदेश में मूंग का उत्पादन ज्यादा हुआ है, लेकिन फिर भी केंद्र सरकार की ओर से मूंग खरीद का टारगेट बहुत कम रखा गया और जब थोड़े ही किसान अपनी मूंग बेच पाए थे, तो सरकारी पोर्टल पर खरीदी बंद कर दी गई। उसके बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात का नाटक किया और मूंग खरीद टारगेट बढ़ाने का आग्रह किया। यह आग्रह मानने में भी केंद्र सरकार ने काफी समय लगा दिया। प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में किसान भाजपा सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। मंदसौर में 52 गांव के किसानों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया है। सोयाबीन किसान परेशान:-श्री पटवारी ने कहा कि जो हाल मूंग के किसानों का है, उससे बुरा हाल सोयाबीन उत्पादन करने वाले किसानों का है। मध्य प्रदेश के पास हमेशा से सोयाबीन राज्य का तमगा रहा है, लेकिन इस बार मध्य प्रदेश सरकार ने सोयाबीन के किसानों पर सीधा हमला बोल दिया है। सबसे पहले तो किसानों को हतोत्साहित करने के लिए सरकार ने बहुत कम बीज उपलब्ध कराए और किसानों को 9000 से 12000 रूपये क्विंटल के दाम में निजी क्षेत्र से सोयाबीन के बीज खरीदने पड़े। किसानों की समस्या यही तक नहीं रुकी उसके बाद सरकार ने कम उपज के बीजों को मान्यता दी। ताकि किसान जो बीज बोए वह उग ही ना सके। जब किसानों ने खराब बीज की समस्या उठाई तो सरकार के कृषि मंत्री कमल पटेल ने कहा कि किसानों को सोयाबीन बोना ही नहीं चाहिए। श्री पटवारी ने कहा कि शिवराज सिंह चौहान सरकार और कृषि मंत्री कमल पटेल ने किसानों को खराब बीज देने का षड्यंत्र रचा और किसानों को आत्महत्या करने तक के लिए विवश किया। समस्या यहाँ भी रुक जाती तो मेहरबानी होती, लेकिन उसके बाद लंबे समय तक वर्षा ना होने के कारण किसानों ने जो बीज बोया था उसमे अंकुरण ही नहीं हुआ। इस तरह बहुत से किसानों को दोबारा बोवनी करनी पड़ी। पिछले साल 70 परसेंट सोयाबीन खराब हो गया था, 10 हजार हेक्टेयर में सोयाबीन की फसल खराब हो गई थी, तब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा था कि वह एक एक अन्न के दाने का मुआवजा और बीमा क्लेम किसानों को दिलाएंगे, लेकिन आज तक वह लिस्ट जारी नहीं हुई जिससे पता चले कि सोयाबीन के किन किसानों को सरकार की ओर से कोई राहत मिली हो। इसी तरह के झूठे वादे शिवराज सरकार इस बार भी कर रही है। मध्य प्रदेश सरकार की इन किसान विरोधी नीतियों से मालवा और निमाड़ का किसान बहुत बुरी तरह से परेशान हैं ग्वालियर चंबल का किसान बाढ़ के कारण आई तबाही से बुरी तरह टूट गया है। कमलनाथ सरकार की किसान हितैषी योजनाओं को पलटा:-श्री जीतू पटवारी ने कहा कि कमलनाथ सरकार जय किसान किसान ऋण माफी योजना लेकर आई थी जिसकी पहली दो किश्त में ही प्रदेश के 27 लाख से अधिक किसानों का कर्ज माफ कर दिया गया था ।कमलनाथ सरकार ने ऋण माफी योजना की दो किस्त भी जारी कर दी थी, लेकिन शिवराज सरकार बनते ही बिना किसी घोषणा के किसान कर्ज माफी योजना बंद कर दी गई। मैंने पिछले 4 विधानसभा सत्र में सरकार से सवाल पूछा कि कितने किसानों की कर्ज माफी शिवराज सरकार कर रही है ? हर बार उसका यही जवाब मिला कि इस बारे में आंकड़े जुटाए जा रहे हैं। सच्चाई यह है कि शिवराज सरकार ने किसानों की कर्ज माफी बंद कर दी है और किसानों पर सीधा हमला बोल दिया है।उन्होंने कहा कि कमलनाथ सरकार ने न सिर्फ किसानों की कर्ज माफी की थी बल्कि किसानों के 10 हार्स पावर तक के स्थाई कनेक्शनों पर बिजली के बिल आधे कर दिए थे। अस्थाई कनेक्शन पर भी बिजली का बिल आधा कर दिया गया था। जो लोग किसानों के नाम पर चोरी से सत्ता में आए आज वही लोग किसानों को मरता हुआ छोड़कर सत्ता की मलाई काट रहे हैं, एक गद्दार दिल्ली में जाकर मंत्री बन गए हैं और दूसरे घोषणा वीर मध्यप्रदेश में झूठी घोषणाएं किए जा रहे हैं। जनता आशीर्वाद नहीं श्राप देगी :-श्री पटवारी ने कहा कि मध्य प्रदेश में भाजपा के केंद्रीय मंत्रियों की आशीर्वाद यात्रा चल रही है मैं इन लोगों से पूछना चाहता हूं कि जब मध्य प्रदेश की जनता बाढ़ की आपदा से घिरी हुई है, जब बेरोजगारी महंगाई और महामारी की मार से प्रदेश की जनता उबर नहीं पाई है, तब भाजापा नेता किस बात का जश्न मना रहे हैं और किस से आशीर्वाद मांग रहे हैं? अरे शिवराज सिंह जी ने तो पिछले विधानसभा चुनाव में भी जनता से आशीर्वाद मांगा था और जनता ने इन्हें अपने दरवाजे से भगा दिया था। उन्हांेने कहा कि जनता ने अपना आशीर्वाद माननीय कमलनाथ जी को दिया था और कांग्रेस पार्टी की सरकार बनी थी। शिवराज सिंह जनता के उस आशीर्वाद को धोखा देकर कुर्सी पर बैठे हैं। इनकी सरकार की जो करतूतें हैं उसके चलते केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर जब जनता के बीच जाते हैं तो लोग उनके ऊपर कीचड़ फेंकते हैं, जब शिवराज सिंह चौहान जनता के बीच जाने की कोशिश करते हैं तो बाढ़ पीड़ितों का गुस्सा देखकर उन्हें अपना दौरा रद्द करना पड़ता है और एक जो गद्दार हमारी पार्टी से उस तरफ गए हैं, वे जहां कहीं भी जाते हैं तो जनता बेशर्म के फूल की माला और काले झंडों से उनका स्वागत करती है। जनता इन्हें आशीर्वाद नहीं दे रही है, बल्कि लोकतंत्र की हत्या करने के लिए श्राप दे रही है और उसी श्राप से भारतीय जनता पार्टी और उसकी लोकतंत्र विरोधी नीतियां बहुत जल्द खत्म होने वाली हैं।श्री पटवारी ने कहा कि शिवराज सरकार पूरी तरह भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। मध्यप्रदेश में 10 दिन की बरसात में 500 सड़कें बह गई। 300 से ज्यादा पुल टूट गए। दुनिया के किसी देश में या भारत के किसी प्रदेश में इस स्तर का भ्रष्टाचार ना तो कभी देखा गया है और ना ही सुना गया है। इस भ्रष्टाचार के लिए मध्य प्रदेश की जनता इन्हें आशीर्वाद नहीं दंड और फटकार देगी।बेरोजगारी से त्रस्त मप्र:-श्री जीतू पटवारी ने कहा कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने घोषणा की है कि उन्होंने एक लाख लोगों को रोजगार दे दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री से जानना चाहा है कि वह एक लाख लोगों के नाम पते और किस जगह रोजगार दिया है, उसकी सूची सार्वजनिक करें। अगर यह सूची सार्वजनिक नहीं कर सकते तो जनता से माफी मांगे। शिवराज सिंह चौहान नए लोगों को क्या रोजगार देंगे जब पहले से चयनित शिक्षक बहने आज भारतीय जनता पार्टी कार्यालय के बाहर धरना दे रही है। रक्षाबंधन से पहले हमारी बहने छोटे-छोटे बच्चों को लेकर बरसात में धरने पर बैठी हैं। लेकिन शिवराज सिंह उनसे राखी बंधाना तो दूर मिलने आने को भी तैयार नहीं है। मैं अपनी बहनों से जाकर मिलूंगा और कांग्रेस पार्टी उनकी मांग उठाएगी। मैं शिवराज सरकार को चेतावनी देता हूं कि जिन लोगों को नौकरी के लिए चयनित किया गया था, उन सभी को तत्काल 1नौकरी दें और इसके पहले से भी जिन लोगों को नौकरी दी जाने की पात्रता हासिल है उन्हें नौकरी दी जाए। यह सरासर लोकतंत्र की हत्या है| कांग्रेस पार्टी ऐसा कतई नहीं होने देगी।




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