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विधानसभा में श्रीमद्भगवद गीता पर व्याख्यान
विधानसभा भवन के मानसरोवर सभागार में “नित्य जीवन में श्रीमद्भगवद गीता का उपयोग” विषय पर राजयोगिनी बीके वीणा दीदी द्वारा व्याख्यान दिया गया। इस अवसर पर विधान सभा उपाध्यक्ष हिना कावरे भी उपस्थित थीं। अपने व्याख्यान में राजयोगिनी वीणा दीदी ने कहा कि जीवन की प्रत्येक समस्या का समाधान अध्यात्म है। श्रीमद्भगवद गीता महज एक धार्मिक ग्रन्थ नहीं अपितु सम्पूर्ण वनदर्शन
है। श्रीमद्भगवद गीता को महाभारत की धुरी निरूपित करते हुए उन्होंने कहा कि हमारा मन ही हमारे मोक्ष और बंधन का द्वार है। मन को परिष्कृत करने के लिए गीता का ज्ञान अवलम्बन है। गीता को आत्मसात करने से हमारा प्रत्येक कर्म पूजन बन जाता है।
राजयोगिनी वीणा दीदी ने कहा कि हमारा व्यक्तित्व समदर्शी, सत्यदर्शी, पारदर्शी, दूरदर्शी और प्रियदर्शी होना चाहिए । अहंकार का त्याग व निस्वार्थता को प्रगति और समृद्धि का एकमात्र मार्ग बताते हुए उन्होंने कहा कि गीता का विषादयोग तनाव प्रबंधन का विशिष्ट सूत्र है । उन्होंने कहा कि अपना प्रत्येक कार्य श्रद्धा,आनंद और समर्पण के साथ संपादित
करेंगे तो जीवन मे कभी द्वंद उत्पन्न नहीं होंगे । गीता हमें भावशून्य होने से बचाती है और सहनशक्ति,विवेचना,पारदर्शिता,जवाबदेही और निर्णय क्षमता जैसे गुणों का संचार करती है । प्रजापिता ब्रह्माकुमारी केंद्र से पधारीं बहन आकृति द्वारा ध्यान का महत्व बताते हुए ध्यान प्रयोग भी कराए गए । इस अवसर पर राजयोगिनी वीणा दीदी द्वारा प्रसाद वितरण किया गया ।
विधानसभा उपाध्यक्ष सुश्री हिना कावरे ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि राजनीतिक जीवन में गीता का संदेश अपरिहार्य है । गीता का ज्ञान सार्वजनिक जीवन में शुचिता और समृद्धि लाता है । कार्यक्रम की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए प्रमुख सचिव श्री ए.पी. सिंह ने कहा कि
आज के संदर्भ में गीता का ज्ञान सामयिक है । गीता में जीवन प्रबंधन के समग्र व्यावहारिक सूत्र निहित हैं । मन को विकार मुक्त करने,द्वंदों को सुलझाने और स्थितिप्रज्ञ होने में श्रीमद्भगवद गीता जैसा कोई ग्रन्थ नहीं है । सर्वप्रथम दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया । विधान सभा प्रमुख सचिव श्री ए. पी. सिंह ने अतिथि वक्ता एवं श्रीमद्भगवद गीता मर्मज्ञ राजयोगिनी वीणा दीदी का पुष्पगुच्छ, शॉल श्रीफल एवं समृति चिन्ह भेंट कर स्वागत किया । आभार प्रदर्शन अपर सचिव श्री वीरेन्द्र कुमार ने किया । कार्यक्रम में विधान सभा के धिकारी
एवं कर्मचारीगण बड़ी संख्या में उपस्थित थे.




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