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जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद का निधन
जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद का आज तड़के दिल्ली में निधन हो गया। वे 79 साल के थे। बेटी रूबिया के ब दले आंतकियों की रिहाई किए जाने के बाद से वे काफी चर्चाओं में आए थे। वे वीपी सिंह सरकार में देश के पहले मुस्लिम गृह मंत्री रहे थे।
मुफ्जी मोहम्मद सईद 24 दिसंबर को बीमार होने के बाद दिल्ली के एम्स में भर्ती थे और इसके बाद से उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। आज सुबह करीब सात बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। कश्मीर की पीडीपी राजनीतिक पार्टी के संस्थापक थे। उनका पार्थिव शरीर श्रीनगर ले जाया जाएगा, जहां उन्हें सुपुर्दे खाक किया जाएगा। उनके निधन पर राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्रिमंडल के कई सदस्यों सहित विभिन्न् राजनीतिक दलों के नेताओं ने शोक संवेदना जाहिर की है।
मुफ्ती मोहम्मद सईद के निधन के बाद जम्मू कश्मीर में राजनीतिक संकट की स्थिति पैदा होने के आसार हैं लेकिन पीडीपी-भाजपा गठबंधन की सरकार होने के कारण यह हालात जल्द ही स्थिर हो जाएंगे। मुफ्जी मोहम्मद की बेटी महबूबा सईद को मुख्यमंत्री बनाए जाने की पूरी संभावना है और उनके नाम पर बीजेपी को भी कोई आपत्ति नहीं होगी। अगले सप्ताह तक कश्मीर में राजनीतिक सरगर्मी बढ़ेगी और प्रदेश के नए मुख्यमंत्री के बनने तक वहां चर्चा का दौर चलेगा।
1987 तक कांग्रेस से जुड़े रहे लेकिन इसके बाद उन्होंने कांग्रेस से अपना दामन अलग कर लिया था। 1999 में उन्होंने अपनी बेटी महबूबा के साथ मिलकर पीडीपी बनाई और इसके बाद वे 2002 में जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री भी बने और 2005 तक मुख्यमंत्री रहे। अभी वे भाजपा के साथ मिलकर प्रदेश में बनी सरकार का नेतृत्व कर रहे थे।
दो दिसंबर 1989 को वे देश के पहले मुस्लिम गृह मंत्री बने थे लेकिन इसके कुछ दिन बाद ही उनकी बेटी रूबिया का आतंकी संगठन ने अपहरण कर लिया। इसके बाद आतंकियों ने रूबिया को छोड़ने के बदले अपने पांच आतंकी आतंकवादी साथियों को रिहा करा लिया था। इनमें शोख मोहम्मद, शेर खान, नूर मोहम्मद कलवल, जावेद, जरगार और अलताफ बट सम्मलित थे।
भोपाल एयरपोर्ट पर हुई थी शिवराज से मुलाकात
हाल ही में जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद की मुलाकात मप्र के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से हुई थी। उनके विमान को किसी कारणवश भोपाल में उतरना पड़ा था और इत्तफाक से वहां शिवराज सिंह चौहान भी कहीं जाने के लिए विमानतल पर ही मौजूद थे। दोनों नेताओं के बीच कुछ मिनिट बातचीत भी हुई थी।




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