-
दुनिया
-
US-INDIA ट्रेड डील के खिलाफ MODI पर जमकर बरसे RAHUL, बताया EPSTEIN फाइलों की धमकियों का दबाव
-
अकेले रहने वाले बुजुर्गों को टारगेट कर रहे Cyber ठग, Gwalior में 90 साल Couple शिकार
-
Indian क्रिकेट के सूरमाओं का सरेंडर, Super 8 के पहले मैच में करारी हार
-
अमेरिकी TRADE DEAL के खिलाफ INC आंदोलन की तैयारी, RAHUL GANDHI व खड़गे की उपस्थिति में BHOPAL में पहला किसान सम्मेलन
-
फिर Political माहौल की गर्मा गरमी के बीच बेतुका फैसला, MP कांग्रेस के प्रवक्ताओं की छुट्टी
-
एलएनसीटी विश्वविद्यालय में लगाये गए सर्वाधिक आक्सीजन देने वाले पौधे
एलएनसीटी विश्वविद्यालय एवं कलाकुंज फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में विश्व पर्यावरण दिवस पर विश्वविद्यालय परिसर में सर्वाधिक आक्सीजन देने वाले नीम, पीपल, बरगद, सहित बड, कटहल इत्यादि प्रजातियों के 50 से अधिक पौधे लगाये गए ।
इस मौके पर एलएनसीटी ग्रुप की वाईस चैयरपर्सन श्रीमती पूनम चौकसे ने कहा कि जल, जंगल, जमीन प्राकृति की आत्मा है इस कोरोना काल ने यह बता दिया है कि बना आक्सीजन (प्राण वायु) के पृथ्वी पर जीवन का अस्तित्व नही है इसलिए हर व्यक्ति को पर्यावरण दिवस पर सभी यह संकल्प ले कि हर दिन एक पौधा अवश्य लगाए ताकि आने वाली पीढी को हम स्वास्थ्य वायुमंडल दे पाये। ग्रुप डायरेक्टर पूजा चौकसे ने कहा कि कोरोना महामारी में हमने देखा कि खाने से ज्यादा हमें आक्सीजन की ही जरुरत है, पेड ही एक मात्र स्तोत्र है प्राकृतिक आक्सीजन पाने का, इसलिए व्यक्ति सिर्फ पर्यावरण दिवस के दिन ही नही बल्कि हर दिन या महीने एक पौधा लगाता है तो हम आगे बीमारियों और आक्सीजन की कमी से बच पायेंगे। एलएनसीटी यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. (डॉ.) नरेन्द्र कुमार थापक ने बताया कि कोरोना की दूसरी लहर में आई आक्सीजन की कमी को देखते हुए विश्वविद्यालय परिसर में प्राकृतिक आक्सीजन देने वाले अनेक प्रजातियों के पौधे रोपे गए।
इस मौके पर ग्रुप की वाईस चैयरपर्सन श्रीमती पूनम चौकसे, ग्रुप डायरेक्टर पूजा चौकसे, कुलपति प्रो. (डॉ.) नरेन्द्र कुमार थापक, सहित अन्य विभागों के विभागाध्यक्ष, कर्मचारी मौजूद रहे।




Leave a Reply