मध्यप्रदेश जनजातीय संग्रहालय द्वारा बच्चों की सहज प्रवृत्तियों को रेखांकित करने और उनकी भीतरी सामर्थ्य को जाग्रत करने के उद्देश्य से ‘खुद को पहचानने’ श्रृंखला की शुरूआत की है। गतिविधि अंतर्गत काव्य अभिनय, आरगेमी, क्राफ्ट गतिविधि, कहानी पाठ, विज्ञान के खेल, रंगों के खेल जैसी अन्य गतिविधियाँ प्रत्येक रविवार को दोपहर 3 शुरू होगी, जिसमें 8 से 16 वर्ष की आयु के बच्चे एवं संग्रहालय भ्रमण में परिवार के साथ आये बच्चे भी शामिल हो सकेंगे। 11 सितंबर को आयोजित गतिविधि का शुभारंभ बच्चों द्वारा दीप प्रज्जवलन से किया।
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