पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ और विकास कार्यों का कोई तालमेल नहीं था। यही कारण रहा कि कमलनाथ प्रदेश में सवा साल तक मुख्यमंत्री रहे, लेकिन उन्होंने सवा रूपए के विकास कार्य नहीं कराए। बल्कि जो काम भाजपा सरकार ने शुरू किए थे उन्हें भी बंद करवा दिया। कमलनाथ ने विकास कार्य तो कोई करवाए नहीं हमारी कई योजनाओं को भी बंद कर दिया। ये योजनाएं प्रदेश के गरीबों, किसानों, माताओं-बहनों, बेटियों, बुजुर्गों और युवाओं के लिए संचालित थीं, लेकिन कमलनाथ ने उनसे यह हक भी छीन लिया। उन्होंने प्रदेश की जनता के साथ गद्दारी की, छलकपट किया, धोखा दिया। इन उपचुनावों में प्रदेश की जनता के साथ हुए अत्याचारों का बदला लेना है। कमलनाथ और कांग्रेस के नेता हमें गालियां बकते हैं, नालायक कहते हैं, नंगा-भूखा कहते हैं, लेकिन कमलनाथ-कांग्रेस की गालियां भी हमें शुभकामनाएं लगती हैं।
-
दुनिया
-
Indian क्रिकेट के सूरमाओं का सरेंडर, Super 8 के पहले मैच में करारी हार
-
अमेरिकी TRADE DEAL के खिलाफ INC आंदोलन की तैयारी, RAHUL GANDHI व खड़गे की उपस्थिति में BHOPAL में पहला किसान सम्मेलन
-
फिर Political माहौल की गर्मा गरमी के बीच बेतुका फैसला, MP कांग्रेस के प्रवक्ताओं की छुट्टी
-
आमिर, सलमान के प्लेन को उड़ाने वाली MP की पायलट संभवी पाठक महाराष्ट्र के Dy CM के साथ हादसे में मृत
-
MP नगरीय विकास विभाग दागदारः दूषित पानी से बदनाम हुआ स्वच्छ Indore तो Bhopal के स्लाटर हाउस में गौ हत्या
-













