कांग्रेस के विधायक और पूर्व मंत्री उमंग सिंघार के खिलाफ दर्ज दुष्कर्म और मारपीट के मामले में चार महीने बाद अंततः हाईकोर्ट से अग्रिम जमानत दिए जाने के आदेश हो गए। उन्हें हाईकोर्ट ने गिरफ्तारी की स्थिति में दो लाख रुपए के बांड पर सशर्त जमानत देने के आदेश किए हैं।
हाईकोर्ट में उमंग सिंघार की जमानत को लेकर आज सुनवाई हुई। अदालत ने केस डायरी का अध्ययन करने के साथ दोनों पक्षों के वकीलों को सुना। अदालत ने सभी तथ्यों व परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए अग्रिम जमानत देने का फैसला किया। उमंग सिंघार को दो लाख के बांड के आधार पर अग्रिम जमानत देने के साथ जमानत के दौरान सात शर्तों के पालन के आदेश दिए हैं।
यह होंगी शर्तेंः
आवेदक बांड के सभी नियमों और शर्तों का पालन करेगा और उसे निष्पादित करेगा।
आवेदक अपराध की विवेचना में पूर्ण सहयोग करेगा।
आवेदक किसी भी तरह के प्रलोभन, धमकी या वादा करने की कोशिश नहीं करेगा।
आवेदक उस अपराध के समान कोई अपराध नहीं करेगा जिसका वह आरोपी है।
आवेदक न्यायालय या प्रकरण के विवेचनाधिकारी कीअनुमति के बिना भारत नहीं छोड़ेगा।
यह था मामलाः उमंग सिंघार के खिलाफ नवंबर 2022 में एक महिला ने धार के नौगांव थाने में अपने साथ दुष्कर्म, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने के आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज कराई थी। इसके बाद से सिंघार भूमिगत हो गए थे और अपनी अग्रिम जमानत कराने की कोशिश कर रहे थे। आरोप लगाने वाली महिला भी कांग्रेस की नेता है।
राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि देश की प्रगति को दिशा देने के लिए लोकतंत्र का मजबूत होना जरूरी है। लोकतंत्र की मजबूती का आधार ईमानदार, नीति और कर्तव्यपरक मतदाता ही है। इसके लिए जरूरी है क - 25/01/2026
नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला ने प्रदेशवासियों को 77वें गणतंत्र दिवस पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि यह दिन हमारे देश की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक म - 25/01/2026
Leave a Reply