हमले के डर से गुजरात छोड़ रहे उत्तर भारतीय

गुजरात के साबरकांठा जिले में एक बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म के बाद यूपी-बिहार के लोगों पर हमले के कारण उनका पलायन जारी है। उत्तर भारतीय विकास परिषद ने दावा किया है कि एक सप्ताह में उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और बिहार के 20 हजार से ज्यादा लोग राज्य छोड़कर जा चुके हैं। इस बीच, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बिहार सीएम नीतीश कुमार ने सोमवार को गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी से बात कर हालात पर चिंता जताई। रूपाणी ने उन्हें लोगों की सुरक्षा का भरोसा दिलाया है। बताया कि पिछले 48 घंटों में हिंसा की एक भी घटना नहीं हुई है।रूपाणी ने कहा कि बाहर से आए लोगों को अपना लेना गुजरात की परंपरा रही है। कुछ लोग राज्य की शांति-व्यवस्था को खराब करना चाहते हैं। उन्होंने कहा, ‘हम कानून-व्यवस्था कायम रखने को वचनबद्ध हैं। किसी भी कठिनाई की स्थिति में लोग पुलिस को बुला सकते हैं। पुलिस की तीव्र कार्रवाई से हालात नियंत्रण में आ गए हैं।’ गृह राज्य मंत्री प्रदीपसिंह जाडेजा ने कहा है कि गुजरात के विकास में अन्य प्रांत के लोगों का काफी योगदान रहा है। कुछ असामाजिक तत्व राज्य की शांति-व्यवस्था को बिगाड़ना चाहते हैं। जाडेजा के अनुसार मेहसाणा, साबरकांठा, अहमदाबाद, गांधीनगर, सुरेंद्रनगर और कुछ अन्य इलाकों में गैर-गुजरातियों पर हमले की 56 घटनाएं हुई हैं। अब तक 431 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। दूसरे प्रांत के लोगों की सुरक्षा के लिए एसआरपी की 17 कंपनी तैनात है। सोशल मीडिया पर भी निगरानी की जा रही है। अफवाह फैलाने वाले 70 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर 15 को पकड़ा जा चुका है।

गौरतलब है कि गुजरात के साबरकांठा जिले में 28 सितंबर को 14 माह की अबोध बालिका के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया गया था। जिसके बाद यहां से हिंदी भाषी राज्यों, खासकर उत्तर प्रदेश और बिहार के लोगों पर हमलों के चलते यहां से उनका पलायन जारी है।

उद्योग और व्यापार को बचाने की अपील:
गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स ने मुख्यमंत्री से प्रवासियों को सुरक्षा प्रदान करने की अपील के साथ प्रदेश के उद्योग और व्यापार को बचाने की अपील की है। नरोडा इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेष पटवारी ने भी श्रमिकों और उनके परिवार को सुरक्षा देने की मांग की है।

कठघरे में अल्पेश ठाकोर:
गृह राज्य मंत्री प्रदीपसिंह जाडेजा ने कांग्रेस का नाम लिए बगैर कहा कि इस बात की पड़ताल की जा रही है कि यह 22 साल से सत्ता से बाहर रहने वालों की साजिश तो नहीं है? गौरतलब है कि पुलिस ने ठाकोर सेना के कई सदस्यों को हिंसा के सिलसिले में गिरफ्तार कर लिया है। ठाकोर सेना के अध्यक्ष पिछड़ा वर्ग के नेता और कांग्रेस विधायक अल्पेश ठाकोर हैं। कुछ एफआइआर में संगठन का भी नाम है। हालांकि, अल्पेश ने आरोप लगाया कि उनके संगठन के युवाओं को इसमें जबर्दस्ती घसीटा जा रहा है।

मामले में सियासत तेज:
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमित चावडा ने कहा कि राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में हार का सामना कर रही भाजपा लोगों का ध्यान दूसरी ओर ले जाना चाहती है। पाटीदार नेता हार्दिक पटेल ने कहा कि एक घटना को लेकर पूरे प्रदेश के लोगों को जिम्मेदार मानना उचित नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *